
जागरूक स्वप्न (Lucid Dreaming) क्या है?
जागरूक स्वप्न (Lucid Dreaming) क्या है? हिंदू पुराणों में जागरूक स्वप्न के ये उदाहरण दिखाते हैं कि स्वप्नों का आध्यात्मिक
जागरूक स्वप्न (Lucid Dreaming) क्या है? हिंदू पुराणों में जागरूक स्वप्न के ये उदाहरण दिखाते हैं कि स्वप्नों का आध्यात्मिक
कुछ महत्त्वपूर्ण सपने और उनके अर्थ -स्वप्नों का विश्लेषण प्राचीन भारतीय और आधुनिक मनोविज्ञान दोनों में महत्वपूर्ण माना गया है। विभिन्न सपने हमारे अवचेतन मन की अभिव्यक्तियां होते हैं और ये हमारे जीवन के विभिन्न पहलुओं के बारे में संकेत देते हैं।
खाटू श्याम जी की कथा और उनकी पूजा की प्रथा भारत की आध्यात्मिकता में गहरी छाप छोड़ती है। खाटू श्याम जी का संबंध विशेष रूप से भक्तों की निष्ठा, विश्वास और उनसे मिलने वाली कृपा से जुड़ा है।
हिंदू धर्म के पौराणिक ग्रंथों ने 36 तरह के मुख्य नर्कों का वर्णन किया गया है। अलग-अलग कर्मों के लिए इन नर्कों में सजा का प्रावधान भी माना गया है। गरूड़ पुराण, अग्रिपुराण, कठोपनिषद जैसे प्रामाणिक ग्रंथों में इसका उल्लेख मिलता है।
पूर्णिमा यानि पूर्णो मा:। मास का अर्थ होता है चंद्र। अर्थात जिस दिन चंद्रमा का आकार पूर्ण होता है उस दिन को पूर्णिमा कहा जाता है।
श्री राधा चालीसा का पाठ भगवान श्रीकृष्ण की प्रिय श्री राधा रानी की कृपा प्राप्ति का सशक्त माध्यम है। इसे श्रद्धा और भक्ति भाव से पढ़ने से भक्त को असीम सुख, शांति और समृद्धि की प्राप्ति होती है। राधा रानी को भक्ति और प्रेम की देवी माना गया है, और उनकी कृपा से जीवन के सभी कष्ट दूर हो जाते हैं।
गवान शिव को बिल्वपत्र चढ़ाने का जितना महत्व है, उतना ही महत्व बिल्वपत्र के वृक्ष का भी माना गया है.! बिल्वपत्र के वृक्ष की महिमा के बारे में अगर आप नहीं जानते, तो जरूर पढ़िए बिल्वपत्र के वृक्ष की यह महत्वपूर्ण बातें
जीवन में कभी न कभी हर व्यक्ति को आर्थिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है, और इनमें सबसे बड़ी चुनौती होती है कर्ज की स्थिति। कई बार व्यक्ति कर्ज चुकता करने के लिए हर प्रयास करता है, लेकिन कर्ज का बोझ खत्म होने का नाम नहीं लेता।
गोत्र का अर्थ होता है वंश/कुल (lineage)। गोत्र प्रणाली का मुख्या उद्देश्य किसी व्यक्ति को उसके मूल प्राचीनतम व्यक्ति से जोड़ना है
बारह ज्योतिर्लिंग 12 ज्योतिर्लिंग कहां कहां है ? शिव के बारह ज्योतिर्लिंग के दर्शन – महादेव। शिव को बुराई का नाश करनेवाला देवता माना गया है । इन्हे अलग-अलग नामों से पुकारा जाता है लेकिन अंततः शिव को परम पिता परमेश्वर माना गया है । शिव के बारह ज्योतिर्लिंग हिंदुओं में अत्यधिक पूजनीय है। ज्योतिर्लिंग एक मंदिर है…